Creatine effect on brain study: हमारे आसपास ऐसे बहुत से लोग हैं जो जिम जाते हैं. कहा जाता है जिम जाने के बाद प्रोटीन और क्रिएटिन सप्लीमेंट्स लिया जाता है. लेकिन क्रिएटिन सप्लीमेंट्स पर हुई रिसर्च बताती है कि यह सप्लीमेंट्स आपका फोकस बढ़ाने में मदद कर सकती है. दिमाग को ऊर्जा देती है. वहीं अगर आपको ध्यान लगाने, काम में मन ना लगने और दिमागी थकान हो रही है तो आप क्रिएटिन सप्लीमेंट का सेवन कर सकते हैं. यह आपको कई तरह से फायदा पहुंचाएगी.
आज के आर्टिकल में हम क्रिएटिन से जुड़े रिसर्च के बारे में विस्तार से जानेंगे, साथ ही जानेंगे कि क्या दिमागी कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए क्रिएटिन सप्लीमेंट्स लिया जा सकता है या नहीं? वहीं क्रिएटिन दिमाग के लिए किस तरह से जरूरी है यह भी जानेंगे.
क्रिएटिन क्या है? | What is creatine?
क्रिएटिन (Creatine) एक नेचुरल कंपाउंड (Natural Compound) होता है. ये शरीर में अमीनो एसिड, आर्जिनिन, ग्लाइसिन और मेथियोनिन से बनता है. यह शरीर के मसल्स में पाई जाती है. वहीं कुछ मात्रा में हमारे दिमाग और सेल्स में भी स्टोर रहता है. यह शरीर में एनर्जी का काम करता है. एक्सपर्ट कहते हैं कि जब शरीर को एनर्जी की जरूरत होती है तो क्रिएटिन मसल्स को दोबारा से एनर्जी देने में मदद करता है. ताकि शरीर में एनर्जी की कमी ना हो.
क्रिएटिन दिमाग को देता एनर्जी | Does creatine affect brain function
एक स्टडी के अनुसार हमारा दिमाग सोते समय भी एनर्जी खर्च करता है. रिसर्च कहती है कि सोते समय भी दिमाग लगभग उतनी ही ऊर्जा खर्च करता है, जितनी जागते समय. वहीं हमारे दिमाग के पास के एनर्जी का कोई बड़ा सोर्स नहीं होता. इसलिए दिमाग को लगातार ब्लड की मदद से ऑक्सीजन और ग्लूकोज की जरूरत पड़ती है. वहीं अगर कुछ मिनटों के लिए भी दिमाग तक ब्लड की सप्लाई रुक जाए, तो दिमाग की कोशिकाओं पर गंभीर असर पड़ता है. बता दें कि दिमाग शरीर के कुल वजन का केवल 2 प्रतिशत होता है, लेकिन यह लगभग 20 प्रतिशत ऊर्जा का उपयोग करता है. इसलिए दिमाग की कोशिकाओं को लगातार ऊर्जा मिलना जरूरी है.
ऐसे में समझना जरूरी है कि क्रिएटिन कैसे ब्रेन को ऊर्जा देता है? तो रिसर्च रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रेन में मौजूद क्रिएटिन स्टोर के रूप में काम करता है. ऐसे में अगर दिमाग को कभी एनर्जी की जरूरत पड़ी तो क्रिएटिन दिमाग को एनर्जी देने में मदद कर सकता है. वहीं स्टडी में यह बात भी निकलकर आई कि ये क्रिएटिन सप्लीमेंट कॉग्नेटिव फंक्शन(Cognitive Functions) में सुधार करने में मदद करता है.
क्रिएटिन से कैसे सुधरता फोकस | What type of creatine for brain health
एक्सपर्ट कहते हैं कि अगर दिमाग में पर्याप्त मात्रा में एनर्जी बनी रहती है तो व्यक्ति का फोकस लेवल ठीक रहता है. वहीं अगर ब्रेन सेल्स को ऊर्जा मिलनी कम हो जाती है तो व्यक्ति का फोकस लेवल गड़बड़ होने लगता है. काम में मन नहीं लगता और मानसिक सुस्तती, आलस आने लगता है. काम से ध्यान भटकने लगता है. ऐसे में ब्रेन में मौजूद क्रिएटिन एनर्जी लेवल को बढ़ाने का काम कर सकता है. ब्रेन सेल्स को सपोर्ट करते हैं.
क्या क्रिएटिन दिमाग के लिए भी फायदेमंद हो सकता है?
ऐसे में हम कह सकते हैं कि क्रिएटिन केवल मांसपेशियों के लिए नहीं, बल्कि दिमाग की सेहत के लिए भी जरूरी होता है. क्रिएटिन पर हुए अन्य स्टडी भी ये दावा करती है कि क्रिएटिन दिमाग के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है. जिस तरह से क्रिएटिन मसल्स को एर्जी देने का काम करता है वैसे ही क्रिएटिन ATP (शरीर की मुख्य ऊर्जा) को दोबारा बनाने में मदद करता है, जिससे दिमाग की कोशिकाएं बेहतर तरीके से काम कर सकती हैं.
किन लोगों को फायदा हो सकता है?
रिसर्च के अनुसार, क्रिएटिन का फायदा खासकर उन स्थितियों में ज्यादा दिखाई दे सकता है, जब दिमाग पर जरूरत से ज्यादा दबाव पड़ रहा हो, जैसे…
- नींद पूरी न होना (Sleep Deprivation)
- बहुत अधिक शारीरिक या मानसिक तनाव
- बढ़ती उम्र
- हल्की मस्तिष्क चोट (Mild Traumatic Brain Injury)
- अल्जाइमर रोग
- अवसाद (Depression)
- शरीर में क्रिएटिन की कमी से जुड़ी दुर्लभ बीमारियां
कितनी मात्रा में क्रिएटिन लेना चाहिए? | Creatine dosage for brain health
हांलाकि अभी ये नहीं कहा जा सकता कि कितनी मात्रा में क्रिएटिन लेना चाहिए. क्योंकि हमारे दिमाग में एक सुरक्षा परत यानि (Blood-Brain Barrier) होती है, जो किसी भी प्रकार के पदार्थ को आसानी से अंदर जाने नहीं देती. इसलिए क्रिएटिन की कितनी मात्रा लेनी चाहिए? अब तक कि हुई रिसर्च के अनुसार क्रिएटिन ब्रेन सेल्स के लिए लाभदायक है, लेकिन इसके फायदे, और खुराक या लंबे समय तक के प्रभावों को विस्तार से समझने के लिए कई शोध होने बाकी है. इसलिए इसके सेवन से पहले जरूरी जानकारी समझनी जरूरी है.
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