HPV Vaccination In India: महिलाओं के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने और सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाव के लिए भारत सरकार ने एक अहम पहल की है. 28 फरवरी 2026 से देशभर में मुफ्त HPV (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) टीकाकरण अभियान शुरू किया गया है. सरकार द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान के तहत लगभग 1.2 करोड़ 14 साल की लड़कियों को कवर करना है. ये देश के सभी 28 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में फैली हुई हैं.
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इस लक्ष्य के तहत महज दो हफ्तों में वैक्सीनेशन का ये आंकड़ा 3 लाख पार कर लिया गया है. यानी 14 साल की 3 लाख लड़कियों को HPV वैक्सीनेशन का टीका लगाया जा चुका है. ये आंकड़ा इस ओर इशारा करता है कि अब समाज में टीकाकरण (Vaccination) को लेकर समझ बढ़ रही है. इस कारण से सभी जगहों पर इसे अपनाया जा रहा है.
कहां और कैसे मिल रही ये वैक्सीन?
वहीं अब सवाल आता है कि आखिर ये वैक्सीन कहां और कैसे मिल रही है. आपको बता दें कि सरकार की ओर से सिंगल-डोज Gardasil-4 वैक्सीन पूरी तरह मुफ्त दी जा रही है. ये वैक्सीन देशभर के सभी सरकारी केंद्रो में उपलब्ध हैं, जैसे आयुष्मान आरोग्य मंदिर (PHCs), सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHCs), सब-डिस्ट्रिक्ट और जिला अस्पताल और सरकारी मेडिकल कॉलेज. वहीं इस वैक्सीन की खास बात यह है कि यह सुविधा ग्रामीण और दूर-दराज़ क्षेत्रों तक भी पहुंचाई जा रही है, ताकि कोई भी बच्ची इससे वंचित न रहे.
सुरक्षा का रखा जा रहा पूरा ध्यान
वहीं आपको बता दें कि ये HPV Vaccination पूरी तरह से सुरक्षित है. इस दौरान माहौल का भी पूरा ख्याल रखा जा रहा है. हरेक केंद्र पर मेडिकल ऑफिसर की मौजूदगी सुनिश्चित की गई है. साथ ही सभी टीकाकरण केंद्रों को 24×7 AEFI (Adverse Events Following Immunization) मैनेजमेंट सेंटर से जोड़ा गया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति को तुरंत संभाला जा सके.
क्या यह टीका जरूरी है?
HPV वैक्सीन स्वैच्छिक (Voluntary) है, यानी इसे लेना जरूरी नहीं है. लेकिन टीकाकरण से पहले माता-पिता की सहमति अनिवार्य है. हालांकि ये अभियान आगे भी जारी रहने वाला है. मिली जानकारी के अनुसार यह खास अभियान 3 महीनों तक चलेगा, लेकिन इसके बाद भी यह वैक्सीन रूटीन इम्यूनाइजेशन प्रोग्राम के तहत उपलब्ध रहेगी.
वहीं ये वैक्सीन सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए बेहद जरूरी भी मानी जा रही है. सर्वाइकल कैंसर महिलाओं में होने वाले सबसे आम कैंसर में से एक हैं. डॉक्टर्स का भी ऐसा मानना है कि यदि सही उम्र रहते इसका टीका लगवाया जाए तो फ्यूचर में इस कैंसर का खतरा काफी हद तक कम किया जा सकता है. इसी कारण से सरकार इस अभियान को बड़े स्केल पर लेकर जा रही है.
सिर्फ वैक्सीन ही नहीं, पूरी रणनीति
सरकार सिर्फ टीकाकरण तक सीमित नहीं है. सर्वाइकल कैंसर को रोकने के लिए एक व्यापक रणनीति अपनाई गई है, जिसमें शामिल हैं:
- नियमित स्क्रीनिंग
- जल्दी पहचान (Early Diagnosis)
- समय पर इलाज (Timely Treatment) विशेषज्ञों के अनुसार, HPV वैक्सीन वैश्विक स्तर पर प्रभावी साबित हुई है और भारत में भी यह सर्वाइकल कैंसर के मामलों को कम करने में बड़ी भूमिका निभा सकती है.इस बारे में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने राज्यसभा में जानकारी दी.
यह भी पढ़ें: गलत पोश्चर में सोना बढ़ा सकता हार्ट प्रोब्लम्स, जानें क्या है सही तरीका?


