Sehat Ki Khabar: नमस्कार फिट रहे इंडिया की लेटेस्ट अपडेट्स में आपका स्वागत है. बढ़ती हुई गर्मी का असर आपकी नींद पर पड़ रहा है. कैसे इसपर बात करेंगे सेहत की खबर के पहले सेगमेंट में. अमेरिका में तेजी से फैल रहा साइक्लोसपोरा जानें क्या होता है. कई लोग इसका शिकार हो रहे हैं. इसपर बात करेंगे सेहत की खबर के दूसरे सेगमेंट में. इंस्टाग्राम रील्स बिगाड़ रही बच्चों का फोकस जानेंगे सेहत की खबर की तीसरे और आखिरी सेगमेंट में.
यहां देखें पूरा VIDEO:
क्लाइमेट चेंज उड़ा रही लोगों की नींद
क्लाइमेट चेंज के कारण लोगों की नींद खराब हो रही है. इसपर एक रिपोर्ट्स सामने आई है. रिपोर्ट्स बाती है कि भारत के कई शहरों में रात का टेंप्रेचर पहले की तुलना में काफी अधिक रहने लगा है. जिससे लाखों लोगों की नींद पर अफेक्ट पड़ रहा है. कुछ लोगों को रात में बार-बार जागते हैं. बार-बार आंख खुल जाती है. रुकावट पैदा होती है वो भी तब जब एसी और पंखा दोनों चल रहा होता है. चैन की नींद नहीं ले पा रहे थे. इन सबके पीछे क्लाइमेट चेंज सबसे बड़ा कारण है. दरअसल जब हम सोने जाते हैं, तो हमारा शरीर धीरे-धीरे अपना तापमान कम करता है. यही प्रक्रिया दिमाग को संकेत देती है कि अब गहरी नींद का समय है. लेकिन जब कमरे का तापमान बहुत ज्यादा होता है. या बाहर की गर्मी लगातार बनी रहती है, तो शरीर खुद को ठंडा नहीं कर पाता। और इसी वजह से Deep Sleep बार-बार टूटने लगती है.
अमेरिका में फैल रही ये बीमारी
अमेरिका में साइक्लोसपोरा नाम की एक बीमारी तेजी से फैलती जा रही है. यहां तक की इस बीमारी की चपेट में 3 हजार से अधिक लोग आ चुके हैं. साइक्लोसपोरा एक परजीवी के संक्रमण के फैलने से होता है. इससे लोगों को फूड पॉइजनिंग की समस्या बढ़ जाती है. नतीजा गंभीर उल्टी, दस्त, डिहाइड्रेशन की समस्या होने लगती है. इसके लिए साल्मोनेला, ई. कोलाई और लिस्टेरिया जैसे रोगाणुओं को प्रमुख कारण माना जाता है. गंभीर स्थितियों में रोगियों को अस्पताल में भर्ती होने तक की जरूरत हो सकती है.
ये सभी लक्षण कई लोगों में फैलते जा रहे हैं. जिसके कारण लोगों के पेट की छोटी आंत पर असर पड़ रहा है. जानकारी के अनुसार 3 हजार लोग इसका शिकार हो चुके हैं. हेल्थ एजेंसिया अलर्ट मोड पर है. आपको बता दें कि ये बीमारी फूड पॉइजनिंग की ही तरह ये भी दूषित भोजन और पानी के कारण होने वाला संक्रमण है.
इंस्टाग्राम खड़ी कर रहा बच्चों के लिए समस्या
आज के समय का हर बच्चा सोशल मीडिया से वाकिफ है. सोशल मीडिया का इस्तेमाल इस तरह किया जाता है बच्चों द्वारा जैसे ऑफिस का काम कर रहे हो. खासतौर पर इंस्टाग्राम पर स्क्रॉलिंग. ऐसी आदतें बच्चों के दिमाग पर असर डाल रही है. इससे बच्चों का टाइम स्पैन कम होता जा रहा है जो उनके फोकस करने की क्षमता पर प्रभाव डालता है. दरअसल इंस्टाग्राम पर रील्स एंटरटेनमेंट के लिए देखी जाती है. लेकिन ये स्क्रॉलिंग दीमाग पर असर डालती है. क्योंकि कुछ ही सेकंड के बाद आंखों के सामने एक नई रील आ जाती है. जिससे बच्चों का टाइम स्पैन कम हो रहा है. जो बच्चों में फोकस की कमी पैदा करता है. पढ़ाई में मन न लगने की समस्या पैदा करता है. इसलिए संभव हो सके तो जितना हो सके बच्चों को बाहर खेलने भेजे और उनके साथ समय बिताएं.
यह भी पढ़ें: इंसान कितने दिन भूखा रह सकता है? India-UK Trade Deal और WHO की Dementia गाइडलाइन
यहां देखें पूरा VIDEO:

