Ebola Alert: इबोला वायरस से बचने के लिए भारत अलर्ट मोड पर है. एक भी मामला सामने आने के बाद तुरंत व्यक्ति को अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती करवा दिया जाता है. हालांकि इबोला से प्रभावित देशों से कौन सा व्यक्ति यात्रा करके लौट रहा है, ये कह पाना थोड़ा मुश्किल है. अब इसमें सुधार लाया जा रहा है.
दरअसल स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक पोर्टल लॉन्च किया है. जिसे सुविधा पोर्टल कहा जा रहा है. इसे सरकार ने एक बार फिर से चालू कर दिया है. लेकिन अब इसे दोबारा से शुरू किया गया है. इस प्लेटफॉर्म की मदद से जो यात्री संक्रमण वाले देश से आकर उतरेंगे उनके लिए SDF जमा करना जरूरी होगा. SDF यानी सेल्फ डिक्लेरेशन फॉर्म.
WHO के इस फैसले के बाद उठाया कदम
वहीं विश्व स्वास्थ्य संगंठन यानी WHO ने इबोला के बढ़ते हुए मामले को देखते हुए इसे इंटरनेशनल चिंता की पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित कर दिया है. इसी के बाद कड़े उपाय किए गए हैं. अधिकारियों का कहना है कि इस ऑनलाइन सिस्टम का मकसद यात्रियों की चिंता की पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित करने के बाद हेल्थ सर्विलांस के कड़े उपायों के बीच उठाया गया है. साथ ही इसका मकसग है कि यात्रियों की प्रोसेसिंग को और भी आसान करना ताकि एयरपोर्ट पर भी भीड़ लगने से बचे.
लंबी-लाइनें होंगी कम
दरअसल इंटरनेशनल लेवल पर इस फॉर्म को जमा करने की जरूरत पिछले एक महीने से लागू की हुई है. लेकिन अब तक डिजिटल हेल्थ प्लेटफॉर्म की कमी थी. जिसके कारण शुरू में एयरपोर्ट पर काफी लंबी लाइन लग जाती थी. इसलिए काफी कन्फूजन क्रिएट होती थी. कई यात्रियों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा था. फ्लाइट लेने के दौरान फॉर्म भरने पड़ते थे. जिसके कारण इमिग्रेशन अधिकारियों द्वारा डिक्लेरेशन इकट्ठा करने और उन्हें वेरिफ़ाई करने के कारण अराइवल टर्मिनल पर देरी हो जाती थी.
क्या है एयर सुविधा प्लेटफॉर्म?
अब जान लेते हैं कि आखिर ये है क्या? तो साल 2020 में कोविड महामारी के दौरान इसे लागू किया गया था. उस दौरान इंटरनेशनल फ्लाइट से आने वाले यात्रियों के लिए ये हेल्थ डेक्लेरेशन सिस्टम के तौर पर सर्विस शुरू की गई थी. इससे महामारी के दौरान हेल्थ की मॉनिटरिंग यहां तक की कॉन्ट्रैक्ट ट्रेस करने में मदद मिल सकती है. आपको बता दें कि इस सर्विस को डिजीसीए और हेल्थ एंड फैमिली मिनिस्ट्री मिलकर चला रहे थे. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने भी कहा था कि अफ्रीकन यूनियन द्वारा ऑर्गनाइज़ किए गए ‘वर्चुअल समिट’ में चल रहे इबोला आउटब्रेक के बीच तैयारी, रिस्पॉन्स और रिकवरी के लिए भारत ने USD 10 मिलियन की घोषणा की है.
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(Disclaimer: यहां दी गई सलाह और ये कॉन्टेंट केवल सामान्य जानकारी के लिए पेश किया गया है. यानी ये जानकारी किसी भी तरह से डॉक्टर्स राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए आप किसी एक्सपर्ट्स या फिर जिस समस्या से जूझ रहे हैं, उस क्षेत्र के डॉक्टर से सलाह लेने के बाद ही उस एडवाइस पर अमल करें. Fit Rahe India इस जानकारी के लिए किसी भी जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

