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हड्डी टूटने पर खिलाड़ी को क्यों थमा दी ये हरी सीटी? जानें कैसे करती है ये काम

Green Whistle Device: फीफा टूर्नामेंट के दौरान घायल खिलाड़ी के हाथ में दिखी Green Whistle ने लोगों की उत्सुकता बढ़ा दी है. यह एक विशेष मेडिकल डिवाइस है जिसका इस्तेमाल गंभीर दर्द को कम करने के लिए किया जाता है.

Green Whistle Device: खेल के दौरान चोट लगना काफी आम बात है. इसी तरह कई खिलाड़ी मैदान में चोटिल होते रहते हैं. खिलाड़ियों की बात इसलिए चल रही है क्योंकि इस समय फीफा वर्ल्ड कप चल रहा है और इसी दौरान कुछ ऐसा देखने को मिला है जिसने कई लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा है.

जानकारी है कि कनाडा के मिडफील्डर इस्माइल कोने को गंभीर चोट लगी. जिसके बाद मैदान से उन्हें स्ट्रेचर पर बाहर ले जाया गया था. जिस समय उन्हें ले जाया जा रहा था उसी दौरान मेडिकल स्टाफ ने उन्हें एक हरे रंग का छोटा सा डिवाइस पकड़ा दिया था. जिससे वह सांस लेते हुए नजर आए. लोगों का ध्यान इस तस्वीर पर गया और सवाल होने लगे कि आखिर ये डिवाइस क्या है? किसलिए इसका इस्तेमाल किया जाता है.

सोशल मीडिया पर हो रहे सवाल

सोशल मीडिया पर कई सवाल उठ रहे हैं, लोगों का पूछना है कि आखिर ये ग्रीन व्हिसल क्या है. क्योंकि इसका इस्तेमाल किया जाता है, तो बता दें कि ये कोई नॉर्मल सी सीटी नहीं है. इस सीटी से दर्द को कम किया जाता है. यानी अगर खिलाड़ी चोटिल है तो उसको इसलिए ये दिया जाता है ताकि उसका दर्द कम हो सके. यानी ये एक स्पेशल मेडिकल डिवाइस होता है. जिसमें एक खास तरह की दवाई दी जाती है, जो दर्द से राहत दिलाने में काफी मदद करती है.

क्या है इस सीटी का नाम?

अब इस सीटी का नाम जान लेते हैं, तो बता दें कि ग्रीन व्हिसल को मेडिकल टर्म में Penthrox कहा जाता है. इसका काम भी काफी सरल है कि दर्द से राहत दिलाना और ये पोर्टेबल भी है तो इसे कहीं भी ले जाया जा सकता है. इसमें एक खास दवा भरी जाती है. जिसे जब मरीज को दिया जाता है तो अपनी सांस के साथ खींचते हुए इसे अंदर लेता है. जो व्यक्ति को राहत दिलाने में तेजी से मदद करता है. अब बात करें कि आखिर किस किस दर्द में इसका इस्तेमाल किया जाता है तो इसका जवाब है कि आमतौर पर ये हड्डी के टूटने, गंभीर चोट लगने या फिर किसी दुर्घटना का शिकार होने जैसी स्थिती में किया जाता है.

वहीं इसके अंदर मौजूद दवा एक भांप के रूप में मरीज के शरीर में जाती है. जब मरीज सांस के जरिए इस दवा को लेटा है तो कुछ ही मिनटों के अदंर उसका दर्द कम हो जाता है और उसे अच्छा महसूस होने लगता है. इसी डिवाइस के कारण कई बार मरीज को जब चोट भी लगती है तो वो काफी शांत दिखाई देता है, मैदान में काफी कूल दिखाई देता है.

मैदान में क्यों किया जाता है इसका इस्तेमाल?

अब सवाल ये कि आखिर मेडिकल टीम इसका इस्तेमाल मैदान में क्यों करती है, तो इसका जवाब है कि इसका इस्तेमाल तब किया जाता है जब अस्पताल पहुंचना थोड़ा देरी से हो. जैसे अगर मैदान से, सड़क हादसे से या किसी भी मेडिकल इमरजेंसी जहां से अस्पताल थोड़ा दूर हो और वहां पहुंच पाना थोड़ा मुश्किल हो उस दौरान इसका इस्तेमाल किया जाता है. ताकि कुछ समय के लिए मरीजों को दर्द से राहत मिल सके. इस्माइल कोने को भी दर्द से राहत देने के लिए ये सीटी दी गई थी. ताकि उन्हें दर्द से आराम मिले.

यह भी पढ़ें: जिम में वर्कआउट करते समय कैसे चली गई 38 वर्षीय फिट पुलिस अधिकारी की जान? जानें शरीर के चेतावनी संकेत

(Disclaimer: यहां दी गई सलाह और ये कॉन्टेंट केवल सामान्य जानकारी के लिए पेश किया गया है. यानी ये जानकारी किसी भी तरह से डॉक्टर्स राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए आप किसी एक्सपर्ट्स या फिर जिस समस्या से जूझ रहे हैं, उस क्षेत्र के डॉक्टर से सलाह लेने के बाद ही उस एडवाइस पर अमल करें. Fit Rahe India इस जानकारी के लिए किसी भी जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

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sarthak arora Senior Sub Editor
अपनी उंगलियों से खबरों को खटाखट लिखना, और लिखने से पहले पढ़ना और समझना. इस तरह पत्रकारिता के क्षेत्र में 7 साल का अनुभव पाया. कार्य जारी है और इसी तरह लिखना, पढ़ना और सीखना निरंतर जारी रहेगा.
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