होमHealth Newsजिम वाले स्टेरॉयड और डॉक्टर के स्टेरॉयड में क्या है बड़ा अंतर?

जिम वाले स्टेरॉयड और डॉक्टर के स्टेरॉयड में क्या है बड़ा अंतर?

Gym Steroids vs Medical Steroids: जिम में इस्तेमाल होने वाले एनाबॉलिक स्टेरॉयड और डॉक्टर द्वारा दी जाने वाली स्टेरॉयड दवाओं में क्या अंतर है? जानिए फायदे, नुकसान और एक्सपर्ट्स की सलाह.

Gym Steroids vs Medical Steroids: कुछ लोग जिम जाकर जल्द से जल्द फिट हो जाना चाहते हैं. शरीर की ताकत बढ़ा लेना चाहते हैं. कम समय में सब चीजे पाने का लालच उन्हें ले जाता है स्टेरॉयड की ओर. हालांकि कई बीमारियों के इलाज में डॉक्टर भी स्टेरॉयड देते हैं. जिससे ये सवाल मन में आता है कि दोनों ही स्टेरॉयड हैं तो दोनों में अंतर क्या है?

जिम वाले स्टेरॉयड अगर लेते हैं तो शरीर पर क्या असर पड़ेगा. क्या उसका नुकसान होता है. साथ ही डॉक्टर्स जो स्टेरॉयड देते हैं वो किस काम आते हैं. दोनों में फर्क डिटेल में समझेंगे.

डॉक्टर्स जो स्टेरॉयड देते हैं उसमें क्या फर्क होता है?

देखिए जब डॉक्टर किसी व्यक्ति को स्टेरॉयड देता है तो उसका मतलब होता है कि वो स्टेरॉयड किसी बीमारी के इलाज के लिए दिया जा रहा है. जैसेः

  • एलर्जी
  • अस्थमा
  • ऑटोइम्यून बीमारियां

हालांकि इसमें इस्तेमाल होने वाली दवाएं डॉक्टर की देखरेख में, सही मात्रा में और कुछ ही समय के लिए जब तक बीमारी ठीक नहीं हो जाती तब तक के लिए दी जाती है. लेकिन जिम में दिया जाने वाला स्टेरॉयड अलग होता है. कैसे? आइए समझते हैं.

कैसे अलग है जिम वाला स्टेरॉयड

जो स्टेरॉयड जिम में दिया जाता है वो एनाबॉलिक स्टेरॉयड होता है. यानी इसकी मदद से टेस्टेस्टेरॉन हार्मोन का लेवल बढ़ने लगता है. जो कई तरीके से मदद करता है जैसे, इसकी मदद से मसल्स तेजी से बढ़ने लगती है. खासतौर पर उनके काम आता है जो मसल्स बिल्ड करना चाहते हैं. ऐसे लोग इनका इस्तेमाल करते हैं. जब स्टेरॉयड दिया जाता है तो शरीर में इस टेस्टोस्टेरॉन हार्मोन बढ़ जाता है. यहीं से शरीर का हार्मोनल संतुलन बिगड़ना शुरू हो जाता है. धीरे-धीरे शरीर की सामान्य प्रक्रियाएं गड़बड़ होने लगती हैं और दिक्कतें शुरू हो जाती हैं.

जिम में स्टेरॉयड देने से बॉडी जल्दी बन सकती है, मसल्स बढ़ने लगती है, शरीर की ताकत भी जल्दी बढ़ सकती है, वर्कआउट के बाद शरीर की रिकवरी भी तेज़ हो सकती है. अब कुछ लोग सिर्फ इसके अच्छे प्रभाव सुनते हैं और इसे लेना शुरू कर देते हैं. लेकिन इसके कुछ नुकसान भी होते हैं.

जिम वाले स्टेरॉयड के नुकसान

जिम में जो स्टेरॉयड दिया जाता है उसका नुकसान भी हो सकता है. अगर इसे आपने डॉक्टर की सलाह के बगैर लिया. लंबे समय तक ऐसे स्टेरॉयड लेने से दिल की सेहत पर असर पड़ सकता है, हार्ट अटैक का शिकार हो सकते हैं, लिवर और किडनी पर भी प्रेशर पड़ सकता है. अब ऐसा नहीं है जो डॉक्टर्स स्टेरॉयड देते हैं उससे नुकसान नहीं होता है. उससे भी नुकसान होता है जैसे इम्युनिटी कमजोर हो जाती है, ऑर्गेन्स पर असर जैसे किडनी, लिवर खराब होने की समस्या, हड्डियों की कमजोरी, मेटाबॉलिक परेशानियां, सूजन हो सकती है. इसलिए एक्सपर्ट्स की सलाह पर ही इनको लेना सही ऑप्शन साबित होता है.

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(Disclaimer: यहां दी गई सलाह और ये कॉन्टेंट केवल सामान्य जानकारी के लिए पेश किया गया है. यानी ये जानकारी किसी भी तरह से डॉक्टर्स राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए आप किसी एक्सपर्ट्स या फिर जिस समस्या से जूझ रहे हैं, उस क्षेत्र के डॉक्टर से सलाह लेने के बाद ही उस एडवाइस पर अमल करें. Fit Rahe India इस जानकारी के लिए किसी भी जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है. एक्सपर्ट्स द्वारा दी जाने वाली जानकारी के लिए जुड़े हमारे Youtube के साथ.)

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sarthak arora Senior Sub Editor
अपनी उंगलियों से खबरों को खटाखट लिखना, और लिखने से पहले पढ़ना और समझना. इस तरह पत्रकारिता के क्षेत्र में 7 साल का अनुभव पाया. कार्य जारी है और इसी तरह लिखना, पढ़ना और सीखना निरंतर जारी रहेगा.
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