Summer Scalp Itching: गर्मी के मौसम में पसीना ना सिर्फ स्किन के लिए हानिकारक होता है. बल्कि ये सिर के लिए भी समस्याएं खड़ी करता है. पसीने के कारण कई तरह की समस्या होने लगती है. गर्मी और उमस के कारण सिर में पसीना आने लगता है जिससे स्कैल्प पर खुजली की समस्या देखी जाती है. कई लोग इस समस्या से काफी परेशान रहते हैं. ऐसे में वह आसान और घरेलू तरीके ढूंढ रहे होते हैं.
दरअसल अगर समय रहते स्कैल्प की समस्या को कंट्रोल न किया जाए तो ये बालों के लिए लंबे समय के लिए परेशानी खड़ा कर सकता है. ये न सिर्फ बालों के लिए नुकसानदायक साबित होंगे बल्कि स्कैल्प की स्किन के लिए भी खतरनाक साबित हो सकते हैं. लगातार खुजली करने से स्कैल्प में घाव, इंफ्लेमेशन और संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है. कुछ मामलों में लंबे समय तक बनी रहने वाली स्कैल्प समस्याएं सेबोरिक डर्मेटाइटिस या क्रॉनिक स्कैल्प इंफ्लेमेशन जैसी स्थितियों का कारण भी बन सकती हैं, जिससे बालों की क्वालिटी पर प्रभाव पड़ता है. इसलिए स्कैल्प की किसी भी समस्या को नजरअंदाज करने के बजाय समय रहते सही देखभाल और उपचार करना जरूरी होता है.
गर्मियों में स्कैल्प में खुजली क्यों बढ़ जाती है?
गर्मी के मौसम में स्कैल्प पर खुजली की समस्या क्यों बढ़ जाती है? अगर ये सवाल बना है तो बता दें कि इस दौरान पसीना, धूल-मिट्टी, एक्सट्रा ऑयल (Sebum) और प्रदूषण स्कैल्प पर जमा होने लगते हैं, जिससे खुजली, डैंड्रफ और इंफ्लेमेशन जैसी परेशानियां बढ़ने लगती है. अक्सर लोग स्कैल्प में खुजली का कारण केवल डैंड्रफ या जूं को मानते हैं, लेकिन गर्मियों में इसके पीछे कई अन्य कारण भी जिम्मेदार हो सकते हैं. अगर समय रहते इन कारणों को समझकर सही देखभाल की जाए तो इस समस्या से काफी हद तक बचा जा सकता है.
स्कैल्प इचिंग के बड़े कारण
अत्यधिक पसीना
गर्मी के मौसम में ज्यादा पसीना आने से स्कैल्प में नमी बन जाती है, जिससे बैक्टीरिया और फंगस तेजी से बढ़ने लगते हैं. ऐसे में खुजली की समस्या बढ़ जाती है.
डैंड्रफ
जिन लोगों को पहले से डैंड्रफ की समस्या होती है, उनमें गर्मियों के दौरान खुजली और बढ़ने की संभावना रहती है ऐसे में सही देखभाल करनी जरूरी होती है. इसलिए अगर आपको डैंड्रफ की समस्या है तो आप सही देखभाल करें.
तेज धूप
गर्मी के मौसम में धूप अपने चरम पर रहती है. वहीं अगर आप लंबे समय तक धूप में रहते हैं तो स्कैल्प में सन एलर्जी, जलन और खुजली की समस्या परेशान कर सकती है. इसिलए तेज धूप में जानें से बचें.
प्रदूषण
धूल, धुआं और प्रदूषण स्कैल्प पर जमा होकर स्किन पर असर डालते हैं. ये सभी कारण खुजली की समस्या करते हैं.
पोषण की कमी
अगर आपके शरीर में जरूरी विटामिन, मिनरल्स और हेल्दी फैट्स की कमी है तो भी स्कैल्प पर खुजली की समस्या हो सकती है. इसलिए शरीर में पोषण की कमी न होने दें. इसके अलावा गलत हेयर केयर आदतें भी कभी-कभार स्कैल्प पर खुजली की समस्या पैदा कर सकता है. जैसे, गीले बाल बांधना, हेयर जेल या स्टाइलिंग प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करना और सही ढंग से बालों की साफ-सफाई न करना.
स्कैल्प पर दिखने वाले लक्षण
- लगातार खुजली होना
- सिर में छोटे-छोटे दाने निकलना
- सफेद या पीले फ्लेक्स दिखाई देना
- बालों से बदबू आना
- बालों का पतला होना या झड़ना
- सेबोरिक डर्मेटाइटिस की समस्या
खुजली से बचने के उपाय
गर्मियों में स्कैल्प पर खुजली से बचने के लिए सिर की साफ रखना बेहद जरूरी है. नियमित रूप से अपने बालों को धोएं ताकि पसीना, एक्सट्रा तेल और गंदगी जमा न हो सके. बाहर धूप में निकलते समय कैप, हैट या दुपट्टे से सिर को ढकें और गीले बालों को बांधने से बचें, क्योंकि इससे फंगल संक्रमण और खुजली का खतरा बढ़ सकता है. अगर डैंड्रफ की समस्या है तो एंटी-डैंड्रफ शैंपू का इस्तेमाल करें. साथ ही भरपूर मात्रा में पानी पिएं, पौष्टिक आहार लें और हेयर स्टाइलिंग प्रोडक्ट्स का प्रयोग करने से बचें. समय-समय पर हल्की स्कैल्प मसाज और अच्छी साफृ-साफाई बनाए रखने से भी स्कैल्प की सेहत सही रहती है. और खुजली की समस्या से राहत मिल सकती है.
FAQs
सवाल: गर्मियों में स्कैल्प में खुजली क्यों होती है?
जवाब: अधिक पसीना, तेल, गंदगी, डैंड्रफ और फंगल संक्रमण गर्मियों में स्कैल्प खुजली के प्रमुख कारण हैं.
सवाल:क्या पसीना स्कैल्प इचिंग का कारण बन सकता है?
जवाब: हां, अधिक पसीना स्कैल्प पर बैक्टीरिया और फंगस की वृद्धि को बढ़ावा देता है, जिससे खुजली हो सकती है.
सवाल: क्या डैंड्रफ गर्मियों में बढ़ सकता है?
जवाब: हां, गर्मी और उमस के कारण डैंड्रफ और उससे जुड़ी खुजली बढ़ सकती है.
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(Disclaimer: यहां दी गई सलाह और ये कॉन्टेंट केवल सामान्य जानकारी के लिए पेश किया गया है. यानी ये जानकारी किसी भी तरह से डॉक्टर्स राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए आप किसी एक्सपर्ट्स या फिर जिस समस्या से जूझ रहे हैं, उस क्षेत्र के डॉक्टर से सलाह लेने के बाद ही उस एडवाइस पर अमल करें. Fit Rahe India इस जानकारी के लिए किसी भी जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

