Thalassemia Blood Donation Tips: भारत में हर 2 सेकंड में किसी न किसी मरीज को ब्लड की जरूरत पड़ती है. एक्सीडेंट, बड़ी सर्जरी, कैंसर, डायलिसिस और थैलेसीमिया जैसी बीमारियों में लाखों लोग ब्लड ट्रांसफ्यूजन पर निर्भर हैं. लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है. क्या मरीजों को मिलने वाला ब्लड पूरी तरह सुरक्षित होता है? थैलेसीमिया पेशेंट एडवोकेसी ग्रुप की मेंबर सेक्रेटरी और पेशे से वकील अनुभा तनेजा मुखर्जी ने अपनी जिंदगी का अनुभव साझा करते हुए बताया कि एक संक्रमित ब्लड बैग उनकी पूरी जिंदगी की दिशा बदल गया.

