How To Control Stress And Anxiety: आज के समय में लोगों में स्ट्रेस और एंग्जाइटी तेजी से मेंटल हेल्थ बिगाड़ रही है. इसे कंट्रोल करने के लिए एक्सरसाइज और बैलेंस्ड डाइट ली जाती है. लेकिन एक्सपर्ट कहते हैं पैनिक पाउच भी मदद कर सकता है. आज के आर्टिकल में हम जानेंगे कि स्ट्रेस-एंग्जाइटी कंट्रोल करने के लिए आपको इसका कैसे इस्तेमाल करना है? चलिए जानते हैं.
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, भारत में लगभग 15% एडल्ट किसी न किसी मेंटल हेल्थ से प्रभावित हैं और उन्हें मदद की जरूरत होती है. वहीं, नेशनल मेंटल हेल्थ सर्वे के मुताबिक हर 20 में से 1 व्यक्ति डिप्रेशन से जूझ रहा है. एक्सपर्ट का कहना है कि बढ़ता तनाव, एंग्जाइटी, सोशल मीडिया का दबाव और बदलती जीवनशैली युवाओं में मेंटल हेल्थ समस्याओं को तेजी से बढ़ा रहे हैं.
क्या है ‘पैनिक पाउच’?
पैनिक पाउच इमरजेंसी मेंटल हेल्थ किट की तरह काम करता है. इसमे कुछ जरूरी सामान रखा जाता है. जैसे, परफ्यूम, मोटिवेशनल नोट्स, स्ट्रेल बॉल, छोटी डायरी और पेन, हेडफोन, च्युइंगम, कुछ खाने की चीज़ें, पसंदीदा तस्वीरें, खास लोगों की दी गई गिफ्ट्स आदि. ये सभी सामान अचानकर आने वाली एंग्जायटी और स्ट्रेस को कंट्रोल करने में मदद करते हैं. दरअसल कई बार स्ट्रेस और एंग्जायटी अचानक आ जाती है. ऐसे में आप खुद को बैचेन और परेशान महसूस कर सकते हैं. ये पैनिक पाउच में रखा सामान आपको खुशी देगा. जिससे हैप्पी हार्मोन्स रीलिज होने में मदद मिलेंगी.
किट में ऐसी वस्तुएं शामिल की जाती हैं जो मन को शांत करें और सुरक्षा का अहसास दिलाएं. आप अपनी पसंद के अनुसार किट में कुछ भी रख सकते हैं. मेंटल हेल्थ की देखभाल के लिए छोटा-सा उठाया गया कदम भी बड़ा असर दिखा सकती है.
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?
एक्सपर्ट कहते हैं कि स्ट्रेस को कंट्रोल करना जरूरी होता है. क्योंकि ये हमारी न सिर्फ मन पर गहरा असर डालती है. बल्कि पूरे शरीर को परेशान करती है. गौरतलब है कि स्ट्रेस और एंग्जाइटी के कारण सिरदर्द, थकान, नींद की समस्या, दिल की धड़कन तेज होना, मांसपेशियों में तनाव, पेट दर्द और पाचन संबंधी परेशानियां हो सकती हैं. इसके अलावा लंबे समय तक स्ट्रेस में रहने से इम्यूनिटी कमजोर हो सकती है, जिससे बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है. इसके अलावा, फोकर करने में कठिनाई और मूड स्विंग में बदलाव भी देखने को मिल सकते हैं.
इन बातों का भी रखें ध्यान
- पर्याप्त नींद लें: रोजाना 7-9 घंटे की अच्छी नींद मानसिक स्वास्थ्य के लिए जरूरी है.
- नियमित व्यायाम करें: वॉक, योग या हल्की एक्सरसाइज तनाव कम करने में मदद कर सकती है.
- संतुलित आहार लें: पौष्टिक भोजन शरीर और दिमाग दोनों को स्वस्थ रखने में सहायक होता है.
- स्क्रीन टाइम सीमित करें: सोशल मीडिया और डिजिटल डिवाइस का अत्यधिक उपयोग तनाव बढ़ा सकता है.
- रिलैक्सेशन तकनीक अपनाएं: गहरी सांस लेना, मेडिटेशन और माइंडफुलनेस तनाव कम करने में मदद कर सकते हैं.
- अपनों से बात करें: अपनी भावनाओं को परिवार, दोस्तों या भरोसेमंद व्यक्ति के साथ साझा करें.
- समय प्रबंधन करें: काम और आराम के बीच संतुलन बनाकर रखें.
- जरूरत पड़ने पर विशेषज्ञ की मदद लें: यदि तनाव या एंग्जाइटी लंबे समय तक बनी रहे और दैनिक जीवन को प्रभावित करे, तो मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लें.
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FAQs
सवाल: क्या पैनिक पाउच एंग्जाइटी का इलाज है?
जवाब: नहीं, पैनिक पाउच एंग्जाइटी या पैनिक डिसऑर्डर का इलाज नहीं है। यह केवल तनावपूर्ण स्थिति में व्यक्ति को खुद को संभालने और शांत करने में मदद करने वाला एक सहायक टूल हो सकता है. गंभीर या लगातार एंग्जाइटी की स्थिति में मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लेना जरूरी है.
सवाल: पैनिक पाउच क्या होता है और यह कैसे मदद कर सकता है?
जवाब: पैनिक पाउच एक छोटा किट या बैग होता है, जिसमें ऐसी चीजें रखी जाती हैं जो तनाव या पैनिक की स्थिति में व्यक्ति को शांत महसूस कराने में मदद कर सकती हैं. इसमें स्ट्रेस बॉल, प्रेरणादायक नोट्स, पसंदीदा खुशबू, च्युइंग गम या ग्राउंडिंग एक्सरसाइज से जुड़ी सामग्री रखी जा सकती है.
सवाल: क्या पैनिक पाउच एंग्जाइटी का इलाज है?
जवाब: लगातार सोशल मीडिया का उपयोग, पढ़ाई और करियर का दबाव, अनिश्चित भविष्य की चिंता, और बदलती जीवनशैली जैसे कई कारण जेन-जी में तनाव और एंग्जाइटी की समस्या को बढ़ा सकते हैं.
(Disclaimer: यहां दी गई सलाह और ये कॉन्टेंट केवल सामान्य जानकारी के लिए पेश किया गया है. यानी ये जानकारी किसी भी तरह से डॉक्टर्स राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए आप किसी एक्सपर्ट्स या फिर जिस समस्या से जूझ रहे हैं, उस क्षेत्र के डॉक्टर से सलाह लेने के बाद ही उस एडवाइस पर अमल करें. Fit Rahe India इस जानकारी के लिए किसी भी जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

